हरिद्वार धर्मनगरी में स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद महाराज का समर्थन करते हुए यूजीसी कानून का खुलकर विरोध किया गया। संतों ने यूजीसी बिल को समाज को बांटने वाला कदम बताते हुए केंद्र सरकार से इसे वापस लेने की मांग की। महामंडलेश्वर स्वामी वेदमूर्ति पुरी महाराज ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखकर ब्राह्मणों और बटुकों पर अत्याचार करने वालों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है। कहा, यूजीसी बिल लागू होने पर बड़ी संख्या में हिंदू समाज टूटेगा। हिंदू समाज हमेशा भाजपा का वोटर रहा है, इसलिए, ऐसा कोई भी काम नहीं किया जाए, जिसका नुकसान हिंदुओं को हो। कहा कि यूजीसी काला कानून है, जो समाज को बांट देगा, इसलिए इसे तत्काल वापस लिया जाए। महामंडेलश्वर स्वामी आदियोगी पुरी महाराज ने कहा कि भारत की आत्मा समानता से बनी है, विभाजन से नहीं। संविधान का अनुच्छेद 14 हर नागरिक को कानून के सामने समानता का अधिकार देता है।