बागेश्वर में माघ मेले में शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद और उनके शिष्यों के साथ किए गए व्यावहार का कांग्रेस ने विरोध किया है। कार्यकर्ताओं ने बागनाथ मंदिर में दो घंटे तक मौन उपवास किया। पदाधिकारियों ने प्रदेश सरकार से संतों से माफी मांगने की मांग की। पूर्व जिपं अध्यक्ष हरीश ऐठानी के नेतृत्व में मौन उपवास किया गया। ऐठानी ने कहा कि भाजपा में अहंकार पैदा हो गया है। जिस प्रदेश के मुख्यमंत्री स्वयं संत हैं, वहां संतों के साथ मारपीट, उनकी शिखा खींचना जैसे कृत्य किए जाना निंदनीय है। कहा कि भाजपा सनातन के नाम पर राजनीति तो खूब करती है, लेकिन धर्मगुरु के अपमान पर पूरी पार्टी मौन है। पूर्व जिलाध्यक्ष सुनील भंडारी ने कहा कि जिस तरह से शंकराचार्य और उनके शिष्यों के साथ पुलिस ने जबरदस्ती की, पार्टी उसका घोर विरोध करती है। इस मौके पर मनोज साह, केवलानंद जोशी, किशन कठायत, ललित गोस्वामी, लक्ष्मी धर्मशक्तू, कुंदन गिरि गोस्वामी आदि मौजूद रहे